युवकों की आम समस्या : स्वप्नदोष मिथ्या, कारण और उपचार

Svpandosh Miths, Reason And Treatment: वर्तमान में स्वप्नदोष युवकों की आम समस्या है. रात में अथवा या नींद में बिना सम्भोग किये ही वीर्य स्खलित हो जाने को स्वप्नदोष कहते है. चूँकि यह क्रिया नींद में होती है इसलिए इसे स्वप्नदोष कहते है. स्वप्नदोष को लेकर किशोरों में कई तरह की भ्रांतिया है जिसकी वजह से वे अपने को कमजोर, हीन और अपराधी मानते है. स्वप्नदोष से पीड़ित युवक इसके Treatment के लिए विज्ञापन के चक्कर में आकर Mentally और Financially रूप से नुकसान झेल लेता है. सामान्य Language में इसे धातु निकलना कहते है. लोगों का मानना है की इस रोग से Weakness आ जाती है और व्यक्ति नपुसंकता का शिकार हो जायेगा. वह यह नहीं जानता की यह एक Natural Process है कोई रोग नहीं है. स्वप्नदोष अधिकतर Unmarried युवकों में पाया जाता है लेकिन कभी-कभी Married पुरुष भी इसके शिकार हो जाते है.

युवावस्था में कामेच्छा के प्रभाव से यौन अंग उत्तेजित हो जाते है जिनकी शांत करने के लिए प्रकृति स्वप्नदोष का सहारा लेती है. अत: इस प्रकार का स्वप्नदोष स्वभाविक होता है. लेकिन फिर भी लोग स्वप्नदोष के नाम से डरने लगते है और वह इसे रोग मानकर इसके Treatment के चक्कर में फंस जाते है. वे यह नहीं जानते है की 15-30 वर्ष की आयु में स्वस्थ पुरुष के लिए स्वप्नदोष होना स्वभाविक ही नहीं बल्कि आवश्यक क्रिया भी है. अगर अविवाहित परुष को महीने में 3-4 बार स्वप्नदोष होता है तो उसे स्वभाविक स्वप्नदोष मानना चाहिए. इस प्रकार के स्वप्नदोष में किसी भी तरह की कमजोरी या थकान नहीं होती है. लेकिन जब स्वप्नदोष स्वभाविक सीमा को लांघ कर अति की श्रेणी में आ जाता है तब इसे अस्वभाविक स्वप्नदोष कहते है. ऐसे स्वप्नदोष को रोग का नाम दिया जाता है, क्योंकि धीरे-धीरे यह गंभीर और विकराल रूप धारण कर लेता है.

स्वप्नदोष होने के कारण (Reason Of Svpandosh)

कामुकता से भरे विचार, अत्यधिक संयम यानी वीर्य का स्खलित ना होने देना या वीर्य स्खलन का अवसर प्राप्त ना होना, कब्ज, रात को अधिक भोजन करना, भोजन के तुरंत बाद सो जाना, अहितकर खान-पान, रात में मूत्र त्याग की इच्छा होने पर भी मूत्र त्याग ना करना, मादक पदार्थों का सेवन, Cinema, Blue Movies, सुंदर स्त्रियों के चित्र, Masturbation (हस्तमैथुन), स्त्रियों के सपने देखना आदि स्वप्नदोष के कारण है.

स्वप्नदोष की चिकित्सा (Treatment Of Svpandosh)

स्वप्नदोष शारीरिक और मानसिक कारणों से उत्पन्न होता है. इसलिए इसकी चिकित्सा के लिए दोनों कारण दूर करना जरुरी है. स्वप्नदोष अस्वभाविक होने पर भी घातक नहीं होता है इसलिए ज्यादा परेशान नहीं होना चाहिए. इसके लिए मनुष्य कामुक चिन्तन ना करें, कब्ज ना होने दे, यौन अंगो को साफ़ रखें, यौन शक्ति बढाने वाली Medicine का सेवन ना करें. स्वप्नदोष प्राय रात्रि के चौथे पहर में होता है. इसलिए स्वप्नदोष से बचने के लिए रात में जल्दी सोना चाहिए और सुबह जल्दी उठाना चाहिए. स्वप्नदोष का प्रमुख कारण है कब्ज इसलिए कब्ज ना होने दे. हरी सब्जियों और दूध का सेवन करना चाहिए. सुबह-शाम टहलना चाहिए. ब्लू फिल्मे देखना बंद कर देना चाहिए इससे उत्तेजना बढती है और इसके कारण से स्वप्नदोष होने लगता है.

उपर बताये गए कारणों और उपायों से आप स्वप्नदोष के बारे में जान गये होंगे और इससे बचने के उपाय के बारे में भी आपको पता लग गया होगा. यह एक Natural Process है, इसलिए इससे डरने की जरूरत नहीं है. किसी भी तरह के नीम-हकीम के चक्कर में पड़कर पैसे और टाइम बर्बाद ना करें. कहते है की कुछ चीजों पर हमारा बस नहीं होता है लेकिन उन्हें रोकना हमारे बाद में होता है.

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