कुशोत्पाटिनी अमावस्या का अर्थ व महत्व | Kushotpatini Amavasya

कुशोत्पाटिनी अमावस्या का अर्थ व महत्व | Kushotpatini Amavasya

भाद्रपद कृष्ण पक्ष की अमावस्या को कुशोत्पाटिनी अमावश कहा जाता हैं. इस दिन पुरोहित वर्ग वर्ष भर कर्म काण्ड आदि कराने के लिए नदी घाटियों से कुशा नामक घास उखाड़ कर घर लाते हैं. कुशोत्पाटिनी अमावस्या के दिन पवित्र स्नान, पितरों का तर्पण तथा दान देने का विशेष महत्व माना गया हैं. वर्ष 2018 में कुशोत्पाटिनी अमावस्या 9 सितम्बर 2018 को हैं, इस दिन कई सारे संयोग एक साथ हो रहे हैं. ऐसा कई वर्षों बाद ही देखने को मिलता हैं. कुशोत्पाटिनी 2018 को इस दिन सोमवार का दिन होने के साथ साथ सूर्य ग्रहण भी हैं. इस अमावस्या को भगवान कृष्ण की पूजा करने का विशेष महत्व हैं.कुशोत्पाटिनी अमावस्या

कुशोत्पाटिनी अमावस्या का महत्व (Kushotpatini Amavasya mahatva)

भादों माह की अमावस्या को कुशोत्पाटिनी आती हैं. इस दिन एक विशेष प्रकार की घास, जिसे देव तथा पितरकार्यों में पवित्रता के लिए उपयोग किया जाता हैं. इसे घर लाया जाता हैं. कुश घास हर हिन्दू अनुयायी के लिए सर्वाधिक महत्व की घास हैं. इसे कुशोत्पाटिनी अमावस के दिन ही काटकर घर लाया जाता हैं तथा बाद में इसका सालभर उपयोग किया जाता हैं.

इस घास को निकालते समय इस बात का ध्यान रखा जाता हैं. कि घास को उखाड़ने अथवा काटने वाला सिरा तीखा होने के साथ साथ काटे जाने वक्त कुश हरी भी होनी चाहिए. सूर्य तथा चन्द्र ग्रहण के हानिकारक प्रभावों से बचने के लिए इसे घरों में सभाल कर रखा जाता हैं.

कुश के संचय की तिथि होने के कारण इसे कुशग्रहणी अमावस्या भी कहा जाता हैं. माना जाता हैं, कि इस अमावस्या को सोमवार का दिन हो जाता हैं तो इसे अगले १२ वर्षों तक काम में लिया जा सकता हैं. कुश को एक ही हाथ से निकाला जाता हैं.

विरंचिना सहोत्पन्न परमेष्ठिन्निसर्गज।
नुद सर्वाणि पापानि दर्भ स्वस्तिकरो भव।।

इस मंत्र के उच्चारण के साथ ही उत्तर दिशा में अपना मुख करके कुश संचय की जानी चाहिए. इस दिन देवी दुर्गा सहित 64 अन्य देवियों की पूजा भी की जाती हैं, जिस कारण इसे पिथौरा अमावस्या के नाम से भी जाना जाता हैं. कुशोत्पाटिनी अमावस्या 2018 की तिथि समय तथा मुहूर्त के बारे में जानकारी नीचे दी गई हैं.

कुशोत्पाटिनी अमावस्या 2018 तिथि मुहूर्त समय (Kushotpatini Amavasya date time muhurat)

इस साल वर्ष 2018 में भाद्रपद महीने की अमावस्या 9 सितंबर को रविवार के दिन है, ज्योतिषी के अनुसार अमावस्या तिथि का आरम्भ व समाप्ति का समय इस प्रकार रहेगा.

  • 9 सितंबर अमावस्या तिथि आरंभ – 02:42 बजे (वर्ष 2018)
  • 9 सितंबर अमावस्या तिथि समाप्त – 23:31 बजे (वर्ष 2018)

read more:-

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *