भारत में MSP व्यवस्था और उसका आकलन। What Is MSP Formula In Hindi

भारत में MSP व्यवस्था और उसका आकलन What Is MSP Formula In Hindi: भारत में MSP और नये कृषि सुधार कानूनों को लेकर आंदोलन चल रहा हैं. यहाँ हमें यह समझना जरुरी हैं कि MSP (न्यूनतम समर्थन मूल्य) व्यवस्था क्या है कृषि में इन्हें किस प्रकार लागू किया जाता हैं तथा इसमें किन किन फसलों को शामिल किया जाता हैं. क्या हैं एमएसपी, आकलन लाभ हानि और आंकड़ों के बारें में इस आर्टिकल में हम चर्चा करेंगे.

भारत में MSP व्यवस्था का आकलन What Is MSP Formula In Hindi

भारत में MSP व्यवस्था का आकलन What Is MSP Formula In Hindi

न्यूनतम समर्थन मूल्य क्या हैं What Is MSP Formula In Hindi

MSP अर्थात न्यूनतम समर्थन मूल्य यानी वह न्यूनतम कीमत जिस पर किसी फसल की सरकारी खरीद होती है। एमएसपी का मसौदा भारत सरकार के द्वारा सन 1964 में तैयार किया गया लेकिन 1966-67 में सबसे पहले गेहूं के लिए एमएसपी की व्यवस्था लागू की गई । उस समय ₹54 प्रति क्विंटल गेहूं के लिए एमएसपी रखी गई।

शुरुआत क्यों हुई भारत सरकार के द्वारा खाद्य सुरक्षा को सुनिश्चित करने के लिए एमएसपी की शुरुआत की गई ताकि खाद्यान्न की फसलें ज्यादा उत्पादित की जाए और किसानों को भी प्रोत्साहन मिले

एमएसपी का निर्धारण CACP कमिशन फॉर एग्रीकल्चरल कॉस्ट एंड प्राइसेज के द्वारा एमएसपी का निर्धारण किया जाता है इसके लिए 3 व्यंजनों का इस्तेमाल किया जाता है ।

  1. A2 इसके अंतर्गत नगद खर्चे को जोड़ा जाता है अर्थात फसल की बुवाई के लिए बीज, रसायन और सिंचाई आदि के खर्च शामिल किए जाते हैं।
  2. दूसरा A2 + FL इसमें A2 के अलावा फैमिली लेबर को भी शामिल किया जाता है।

3. C2 एमएसपी के निर्धारण की प्रक्रिया में यह सबसे महत्वपूर्ण होता है क्योंकि इस के अंतर्गत जमीन का किराया और फसल के लिए किए गए खर्च का ब्याज भी इसमें शामिल किया जाता है जो कि उपरोक्त दोनों से कहीं अधिक बैठता है।

एनएसपी के निर्धारण के लिए कमीशन फॉर एग्रीकल्चर कॉस्ट एंड प्राइसेज CACP गठित की गई अर्थात सीएसीपी के द्वारा एमएसपी का निर्धारण किया जाता है। इसकी रिपोर्ट सीसीईए अर्थात केबिनेट कमीशन ऑन इकोनामिक अफेयर्स को सौंपी जाती है। यह इसके सभी पहलुओं पर गौर करके एमएसपी का अंतिम रूप से निर्धारण करती है

एमएसपी और स्वामीनाथन आयोग साल 2004 में एमएस स्वामीनाथन की अध्यक्षता में किसानों की आर्थिक दशा को सुधारने और अनाज की पैदावार बढ़ाने के लिए नेशनल कमिशन ऑन फार्मर समिति का गठन किया गया जिसके अध्यक्ष एमएस स्वामीनाथन थे। इस समिति को ही स्वामीनाथन आयोग के नाम से जाना जाता है। साल 2006 की अपनी फाइनल रिपोर्ट में प्रस्तावित इसकी कई सारी सिफारिशों में एक सिफारिश एमएसपी को एक नए फार्मूले से लागू करने की थी जिसके अंतर्गत एमएसपी औसत लागत से 50% ज्यादा देने की बात कही गई थी।

भारत में एमएसपी की वर्तमान स्थिति Current status of MSP in India

एमएसपी की वर्तमान स्थिति भारत सरकार के द्वारा देश कमोडिटीज को एमएसपी के अंतर्गत शामिल किया गया है जिसमें

  • 7 अनाज संबंधी हैं -धान गेहूं, मक्का, ज्वार, बाजरा, जौ और रागी
  • 5 कमोडिटीज दालें हैं– चना, अरहर, मूंग, उड़द, मसूर
  • 7 तिलहन हैं– मूंगफली, सरसों, सोयाबीन, तिल, सूरजमुखी, कुसुम, रामतिल
  • 4 कमर्शियल फसलें हैं– कोपरा, गन्ना, कपास और कच्चा जूट

हालांकि कई बार सरकारी दावा किया गया है की स्वामीनाथन आयोग की सिफारिश के तहत एमएसपी लागत से 50% अधिक दी जा रही है लेकिन धरातलीय रूप से यह सही नहीं है क्योंकि सरकार के द्वारा जो डेढ़ गुना एमएसपी दी जा रही है उस एमएसपी में C 2 को शामिल नहीं किया गया है जिसमें जमीन का किराया और फसल के खर्च संबंधित ब्याज भी शामिल किए गए थे।

धरातल पर एमएसपी की सच्चाई प्रस्तावित 23 कमोडिटीज में से एमएसपी पर मात्र कुछ ही फसलों की सरकारी खरीद हो पाती है जिन फसलों की सरकारी खरीद होती है उनमें भी 50% से अधिक किसी भी फसल की सरकारी खरीद नहीं है। पिछले साल की बात की जाए तो कुल उत्पादित की 37% गेहूं, 44% चावल और महज 30% कपास ही एमएसपी पर खरीदी गई थी जो कि 23 कमोडिटीज के कुल उत्पादन का महज 9% है। वहीं चावल का कुल उत्पादन 102 मीट्रिक टन रहा और गेहूं का 106 मीट्रिक टन।

नया कृषि सुधार कानून और एमएसपी (New Agricultural Reform Law and MSP)

कानूनी एमएसपी vs सरकारी तर्क एनएसपी को कानूनी रूप देने के विरोध में सरकार ने कहा कि अगर एमएसपी को कानून बनाया जाएगा तो सरकार पर इसका 15 लाख करोड रुपए का अतिरिक्त भार होगा लेकिन आंकड़ों की बात की जाए तो ऐसा तब होगा जब एमएसपी के अंतर्गत प्रस्तावित 23 कमोडिटीज के उत्पादन की 100% सरकारी खरीद होगी लेकिन साल 2019-20 में प्रोक्योरमेंट का कुल खर्चा महज 2. 41 लाख करोड़ रुपए का ही रहा।

यह भी पढ़े

उम्मीद करता हूँ दोस्तों भारत में MSP व्यवस्था और उसका आकलन। What Is MSP Formula In Hindi का यह लेख आपकों पसंद आया होगा, MSP के बारे में दी गई जानकारी आपको कैसी लगी कमेंट कर जरुर बताए साथ ही यदि आपकों यह आर्टिकल निबंध अनुच्छेद पसंद आया हो तो इसे अपने दोस्तों के साथ भी शेयर करें.

अपने विचार यहाँ लिखे