राजस्थान दिवस पर भाषण निबंध कविता व शायरी | Rajasthan Diwas Speech Essay Poem Shayari In Hindi

राजस्थान दिवस पर भाषण निबंध कविता व शायरी | Rajasthan Diwas Speech Essay Poem Shayari In Hindi : हमारे सभी पाठकों को राजस्थान डे 2019 डेट 30 मार्च की हार्दिक शुभकामनाएं देते हैं. यह भूमि वीरता की पर्याय रही हैं. राणा प्रताप, पृथ्वीराज चौहान, सूरजमल, दुर्गादास राठौड़ जैसे स्वतंत्रता प्रेमी वीरों की इस भूमि का इतिहास गौरवगाथाओं से भरा पड़ा हैं. आजादी के बाद राजस्थान ने अपनी पहचान को धीरे धीरे खोया हैं. संभवतः देश की राजनीति में राज्य का प्रति निधित्व उच्च पदों तक नहीं पहुचा हैं आपसी जातिगत राजनीति ने प्रदेश के गौरव को गिराया हैं. राजस्थान स्थापना दिवस के अवसर सभी प्रदेशवासियों को अपने गौरवपूर्ण अतीत को अवश्य याद करना चाहिए.

Rajasthan Diwas Speech Essay Poem Shayari In Hindi

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राजस्थान दिवस पर भाषण निबंध कविता व शायरी

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राजस्थान दिवस भाषण (Rajasthan Diwas Speech In Hindi)

अंग्रेजी कवि किप्लिंग लिखता हैं कि दुनियाभर में राजस्थान एक ऐसा स्थान हैं. जहां वीरों की हड्डियां मार्ग की धूल बनी हैं राज्य में वीरों की ऐसी ऐसी कथाएँ है जिन्हें सुनकर भी नसों में वीरभाव दौड़ने लगता हैं. इस धरती के सपूतों ने अपनी मिट्टी की खातिर समय समय पर बलिदान दिए हैं.

उनके बलिदान की गाथाओं और अनुपम प्राकृतिक सौन्दर्य ने निराले राजस्थान का निर्माण किया हैं. यहाँ की कला संस्कृति तथा व्यापार इनकी अनूठी विशेषताएं हैं. राजस्थान की धरती पर रणबांकुरों ने जन्म लिया है। यहां वीरांगनाओं ने भी अपने त्याग और बलिदान से मातृभूमि को सींचा है। यहां धरती का वीर योद्धा कहे जाने वाले पृथ्वीराज चौहान ने जन्म लिया, जिन्होंने तराइन के प्रथम युद्ध में मुहम्मद गौरी को पराजित किया.

यह वही भूमि हैं जिसने वीरता के नयें नयें कीर्तिमान स्थापित किये हैं. राणा प्रताप जैसे वीरों ने एशों आराम का त्याग कर अपनी स्वतंत्रता की खातिर जीवन भर अभावों में जीना स्वीकार किया. सांगा जैसे वीर जिन्होंने युद्धों में अपना शरीर जर्जर कर दिया था.

दूसरी तरफ इस धरती ने पृथ्वीराज चौहान जैसे वीरों की क्षमा तथा महानता को भी देखा हैं. 17 बार गौरी को पराजित कर देने के बाद भी उसे हर बार माफ़ कर दिया था. भारत के आजादी संघर्ष में यहाँ के स्वतंत्रता सैनानियों यहाँ के कवियों लेखकों तथा महिलाओं में अभूतपूर्व योगदान दिया था.

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